कीर्तिनगर/श्रीनगर गढ़वाल। देवप्रयाग विधानसभा क्षेत्र की डागर पट्टी स्थित दूरस्थ टोला गांव के इतिहास में वह दिन स्वर्णाक्षरों में दर्ज हो गया,जब लगभग 40 वर्षों के लंबे इंतजार के बाद पहली बार गांव तक मोटर सड़क पहुंची। जैसे ही सड़क गांव की दहलीज तक पहुंची,वर्षों से उपेक्षित रहे टोला गांव में उत्सव और भावनाओं का सैलाब उमड़ पड़ा। ढोल-दमाऊ की गूंज,ग्रामीणों के चेहरे पर खुशी और आंखों में संतोष-यह दृश्य किसी विकास परियोजना का नहीं,बल्कि पीढ़ियों के संघर्ष की जीत का प्रतीक बन गया। इस ऐतिहासिक अवसर पर ग्रामीणों ने क्षेत्रीय विधायक विनोद कंडारी का चांदी का मुकुट पहनाकर भव्य स्वागत किया। गांव में आयोजित कार्यक्रम के दौरान विधायक कंडारी ने राड़ागाड़ा से टोला तक 5 किलोमीटर लंबे मोटर मार्ग के नव निर्माण कार्य का औपचारिक लोकार्पण किया। इस सड़क के निर्माण पर 1 करोड़ 66 लाख 87 हजार रुपये की धनराशि स्वीकृत की गई है। यह सड़क केवल डामर और गिट्टी का रास्ता नहीं,बल्कि टोला गांव के लिए उम्मीद,सम्मान और भविष्य का मार्ग बनकर सामने आई है। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विधायक विनोद कंडारी भावुक हो उठे। उन्होंने कहा मैं पहले मानता था कि यह डागर पट्टी का अंतिम गांव है,लेकिन सड़क जुड़ने के बाद आज यह मेरी डागर पट्टी का पहला गांव बन गया है। इस गांव और यहां के लोगों से मेरा बहुत गहरा रिश्ता है। उन्होंने कहा कि विधायक बनने के बाद उन्होंने टोला गांव तक सड़क पहुंचाने का वादा किया था और आज उस वादे को निभाते हुए वे स्वयं सड़क मार्ग से गांव पहुंचे हैं। जो वादा करता हूं,उसे निभाना मेरी राजनीति की पहचान है,यह कहते हुए उन्होंने ग्रामीणों के विश्वास के लिए आभार जताया। विधायक कंडारी ने वर्ष 2017 का एक मार्मिक प्रसंग भी साझा किया,जब प्रसव पीड़ा से जूझ रही एक महिला की समय पर अस्पताल न पहुंच पाने के कारण रास्ते में ही मौत हो गई थी। उन्होंने कहा कि यही घटना उनके लिए इस सड़क के निर्माण का संघर्ष और संकल्प बन गई। प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (पीएमजीएसवाई) एवं लोक निर्माण विभाग के माध्यम से सड़क का कार्य पूरा होना ग्रामीणों के धैर्य और सहयोग का प्रतिफल है। सड़क लोकार्पण के अवसर पर गांव में रिवर्स पलायन का अनूठा दृश्य देखने को मिला। दिल्ली,चंडीगढ़,देहरादून,रुद्रप्रयाग सहित देश के विभिन्न हिस्सों से लोग अपने पैतृक गांव टोला पहुंचे,जिससे गांव में नई ऊर्जा,अपनापन और उम्मीद का संचार हुआ। विधायक कंडारी ने भविष्य की योजनाओं की जानकारी देते हुए सड़क को जाखी-घनसाली और बडियारगढ़ से जोड़ने का आश्वासन दिया। साथ ही उन्होंने गांव के समग्र विकास के लिए 5 लाख रुपये की सहायता देने और भूमि उपलब्ध होने पर खेल मैदान निर्माण की घोषणा भी की। टोला,ग्वाड और राड़ागाड़ा विकास मंच के अध्यक्ष डॉ.वीरेंद्र बर्तवाल ने विधायक का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि सड़क पहुंचने से क्षेत्र में शिक्षा,स्वास्थ्य और रोजगार की संभावनाएं बढ़ेंगी और रिवर्स पलायन को मजबूती मिलेगी। पूर्व जिला पंचायत सदस्य चंद्र पाल चौहान ने कहा कि जो कार्य बड़े-बड़े मंत्री नहीं कर सके,वह विधायक विनोद कंडारी ने कर दिखाया है,जिससे ग्रामीणों में अभूतपूर्व उत्साह है। कार्यक्रम के दौरान सड़क निर्माण के लिए वर्षों तक संघर्ष करने वाले ग्रामीणों को विधायक के हाथों सम्मानित किया गया। कार्यक्रम का सफल संचालन वीरेंद्र बर्तवाल ने किया। इस अवसर पर प्रधान शोभा देवी,उपप्रधान राजेश्वरी देवी,आलम सिंह बर्तवाल,विजयपाल बर्तवाल,गुलाब सिंह बर्तवाल,विजय सिंह,कर्ण सिंह,सुरजन सिंह,मंगल सिंह,अनुसूया प्रसाद,कृपाल सिंह,विक्रम नेगी,रमेश सिंह,सुशीला देवी,बुद्धा देवी,पिंकी देवी,काजल देवी,मकानी देवी,पूजा देवी,भवानी देवी,आलम जयाड़ा,सुरेश नेगी,शिव सिंह,विकास मेहरा सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण, महिलाएं और बुजुर्ग उपस्थित रहे। टोला गांव तक सड़क का पहुंचना केवल एक निर्माण कार्य नहीं,बल्कि पहाड़ में विकास,सम्मान और जीवन की नई शुरुआत का सशक्त संदेश बन गया है।






